Sakti News: बॉयफ्रेंड पर प्रेमिका को जिंदा जलाने का आरोप, 16 दिनों बाद इलाज के दौरान मौत
SAKTI NEWS. छत्तीसगढ़ के सक्ती जिले से एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है, जहाँ एक मां ने अपनी ही बेटी के बॉयफ्रेंड पर उसे जिंदा जलाने का गंभीर आरोप लगाया है। अस्पताल में 16 दिनों तक जिंदगी और मौत के बीच जंग लड़ने के बाद पीड़िता दिशा मरावी (23) ने दम तोड़ दिया।

SAKTI NEWS. छत्तीसगढ़ के सक्ती जिले से एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है, जहाँ एक मां ने अपनी ही बेटी के बॉयफ्रेंड पर उसे जिंदा जलाने का गंभीर आरोप लगाया है। अस्पताल में 16 दिनों तक जिंदगी और मौत के बीच जंग लड़ने के बाद पीड़िता दिशा मरावी (23) ने दम तोड़ दिया। मृतिका की मां ने अब पुलिस प्रशासन पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए मुख्यमंत्री से न्याय की गुहार लगाई है।
क्या है पूरा मामला?
जानकारी के अनुसार, वार्ड नंबर-11 झूलकदम निवासी दिशा मरावी और सकरेली कला निवासी सब्जी व्यापारी योगेंद्र साहू के बीच प्रेम संबंध थे। मृतिका की मां मीना मरावी, जो कि एक सरकारी स्कूल में लेक्चरर हैं, ने बताया कि 24 जनवरी 2026 की दोपहर उनके पास एक अज्ञात नंबर से फोन आया। फोन करने वाले ने बताया कि दिशा गंभीर रूप से झुलसी हुई हालत में बिहान नर्सिंग होम में भर्ती है।
होटल में बुलाकर मारपीट और फिर आग लगाई
मां का आरोप है कि योगेंद्र साहू ने दिशा को बाराद्वार रोड स्थित एक होटल में बुलाया था। वहां विवाद होने पर योगेंद्र ने दिशा के साथ मारपीट की और फिर उस पर तारपीन का तेल (Turpentine oil) छिड़ककर आग लगा दी। मां ने इस वारदात में योगेंद्र के साथ उसके दोस्तों, महेंद्र कुमार सिदार और आशीष पटेल की संलिप्तता का भी संदेह जताया है।
पुलिस की कार्यप्रणाली पर सवाल
पीड़िता की मां का आरोप है कि आदिवासी होने के कारण उन पर दबाव बनाया जा रहा है और पुलिस मामले को दबाने की कोशिश कर रही है। उन्होंने यह भी सवाल उठाया कि क्या मौत से पहले दिशा का ‘डाइंग डिक्लेरेशन’ (मृत्यु पूर्व बयान) लिया गया था? यदि लिया गया, तो परिवार को इसकी जानकारी क्यों नहीं दी गई?
इलाज के दौरान तोड़ा दम
हालत बिगड़ने पर दिशा को बिलासपुर के एक निजी अस्पताल में बर्न यूनिट में भर्ती कराया गया था, जहाँ 1 फरवरी को इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। बिलासपुर के तारबाहर थाने में शून्य (Zero) FIR दर्ज की गई है।
पुलिस का पक्ष: सक्ती पुलिस का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही आगे की वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल मामले की सूक्ष्मता से जांच की जा रही है और रिपोर्ट के आधार पर जल्द ही आरोपियों की गिरफ्तारी हो सकती है।







