Religious conversion: चमत्कार’ दिखाकर बदलवा रहे थे धर्म? बिलासपुर में नया मामला सामने आया
शहर में प्रार्थना सभाओं को लेकर चल रहा विवाद अब सामाजिक माहौल तक पहुँच चुका है। विभिन्न इलाकों में हो रहे धार्मिक कार्यक्रमों पर आपत्तियों के बाद पुलिस और प्रशासन सतर्क हो गया है। इसी कड़ी में सिविल लाइन थाना क्षेत्र में आयोजित एक घर की प्रार्थना सभा को लेकर विवाद सामने आया, जिसके बाद पुलिस ने कथित पास्टर जवाहर लाल बांसंती को धार्मिक भावनाओं से जुड़े आरोपों में गिरफ्तार किया।

BILASPUR NEWS. शहर में प्रार्थना सभाओं को लेकर चल रहा विवाद अब सामाजिक माहौल तक पहुँच चुका है। विभिन्न इलाकों में हो रहे धार्मिक कार्यक्रमों पर आपत्तियों के बाद पुलिस और प्रशासन सतर्क हो गया है। इसी कड़ी में सिविल लाइन थाना क्षेत्र में आयोजित एक घर की प्रार्थना सभा को लेकर विवाद सामने आया, जिसके बाद पुलिस ने कथित पास्टर जवाहर लाल बांसंती को धार्मिक भावनाओं से जुड़े आरोपों में गिरफ्तार किया।
स्थानीय संगठनों का आरोप है कि प्रार्थना सभा के नाम पर कुछ लोग धार्मिक बदलाव के लिए माहौल तैयार कर रहे हैं। उनका कहना है कि गरीब और जरूरतमंद लोगों को मदद और राह-निराशा से मुक्ति का भरोसा देकर प्रभावित किया जा रहा है। दूसरी ओर, आयोजन में शामिल लोगों का कहना है कि यह केवल आस्था और मानसिक शांति के लिए की जाने वाली नियमित प्रार्थना सभाएँ हैं, जिनका किसी भी तरह से धर्म बदलवाने से कोई संबंध नहीं है।
पिछले कुछ महीनों में बिलासपुर के सिविल लाइन, सरकंडा, तोरवा, मस्तूरी, पचपेड़ी और ग्रामीण इलाकों से ऐसे कई मामले पुलिस तक पहुँचे हैं। अब तक 35 से अधिक शिकायतें दर्ज की जा चुकी हैं। इन शिकायतों के बाद शहर में धर्मांतरण को लेकर सामाजिक विमर्श तेज हो गया है।
पुलिस का कहना है कि—यदि कोई धार्मिक आयोजन पूरी जानकारी और अनुमति के साथ शांतिपूर्ण रूप से होता है तो किसी भी प्रकार की बाधा नहीं दी जाएगी। लेकिन किसी तरह के दबाव, प्रलोभन या भ्रम फैलाने की शिकायत मिलती है तो कार्रवाई की जाएगी। शहर में अब ऐसे आयोजनों के लिए पहले सूचना देने और अनुमति लेने की प्रक्रिया पर जोर दिया जा रहा है, ताकि अनावश्यक तनाव से बचा जा सके।








