Crime News: बर्तन चमकाकर जीता भरोसा, फिर जेवर लेकर हुए फरार, मंगला में दो महिलाओं को दिनदहाड़े ठग गए शातिर
बाइक सवार दो युवक कॉलोनी में बर्तन और जेवर साफ करने का दावा करते हुए पहुंचे थे। उन्होंने पहले स्टील के बर्तन साफ करके दिखाए। बर्तनों में आई चमक ने महिलाओं का भरोसा जीत लिया। इसके बाद युवकों ने कहा कि इसी तरह सोने-चांदी के पुराने जेवर भी चमकाए जा सकते हैं।

BILASPUR NEWS. ठगों ने इस बार न कोई ओटीपी मांगा, न बैंक खाते की जानकारी और न ही किसी इनाम का झांसा दिया। उनका तरीका इतना साधारण था कि महिलाएं आसानी से भरोसे में आ गईं। बर्तन साफ करने के बहाने घर में दाखिल हुए, अपनी सफाई का हुनर दिखाया और जब भरोसा बन गया तो सोने के जेवर साफ करने की बात कहकर लाखों के गहनों पर हाथ साफ कर दिया। मंगला की दीनदयाल उपाध्याय कॉलोनी में हुई इस वारदात ने एक बार फिर घर-घर पहुंचकर ठगी करने वाले गिरोहों को लेकर चिंता बढ़ा दी है।
बर्तन की चमक बनी ठगों का हथियार
बाइक सवार दो युवक कॉलोनी में बर्तन और जेवर साफ करने का दावा करते हुए पहुंचे थे। उन्होंने पहले स्टील के बर्तन साफ करके दिखाए। बर्तनों में आई चमक ने महिलाओं का भरोसा जीत लिया। इसके बाद युवकों ने कहा कि इसी तरह सोने-चांदी के पुराने जेवर भी चमकाए जा सकते हैं।
महिलाओं ने उनकी बात पर विश्वास कर अपनी चेन और बालियां साफ करने के लिए दे दीं। आरोपियों ने पानी और रसायन का इस्तेमाल करते हुए जेवर साफ करने का नाटक शुरू किया। इसी दौरान महिलाओं का ध्यान भटकाकर आरोपी गहने लेकर फरार हो गए।
ठगी समझ में आई तो निकल चुके थे आरोपी
कुछ देर बाद जब महिलाओं ने बर्तन खोलकर देखा तो उसमें जेवर नहीं थे। महिलाओं ने शोर मचाया और आरोपियों का पीछा करने की कोशिश की, लेकिन दोनों बाइक से संकरी गलियों में निकल गए। पीड़ितों के मुताबिक एक महिला की करीब दो तोले की सोने की चेन और करीब 32 ग्राम की बालियां समेत दूसरी महिला के जेवर भी ठग ले गए।
CCTV से खुलेगा ठगों का राज?
घटना के बाद सिविल लाइन पुलिस और सीसीटीवी सर्विलांस टीम सक्रिय हो गई है। कॉलोनी और आसपास के रास्तों पर लगे कैमरों के फुटेज खंगाले जा रहे हैं। पुलिस आरोपियों की पहचान के साथ यह भी पता लगाने में जुटी है कि कहीं यही युवक जिले के अन्य इलाकों में भी इसी तरीके से लोगों को अपना शिकार तो नहीं बना चुके हैं।
इस घटना ने यह भी सवाल खड़ा कर दिया है कि घर-घर पहुंचकर सामान साफ करने या अन्य सेवाओं का दावा करने वाले अजनबियों पर कितना भरोसा किया जाए। पुलिस की जांच अब इसी ‘चमकाने वाले’ पैंतरे के पीछे छिपे गिरोह तक पहुंचने पर टिकी है।








