दुर्ग के नवोदय स्कूल में हैवानियत: मोबाइल रखने पर छात्र के प्राइवेट पार्ट पर मारी लात, दो शिक्षक गिरफ्तार
छत्तीसगढ़ के दुर्ग जिले के बोरई स्थित जवाहर नवोदय विद्यालय (पीएम श्री स्कूल) में अनुशासन के नाम पर छात्रों के साथ क्रूरता का मामला सामने आया है। स्कूल में मोबाइल रखने की बात पर शिक्षकों ने कक्षा 10वीं से 12वीं तक के करीब 8 से 9 छात्रों की लाठी-डंडों, लात-घूंसों से जमकर पिटाई की। आरोप है कि एक पीटी शिक्षक ने छात्र के प्राइवेट पार्ट पर जूता पहनकर लात मारी, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया है।

Durg news.छत्तीसगढ़ के दुर्ग जिले के बोरई स्थित जवाहर नवोदय विद्यालय (पीएम श्री स्कूल) में अनुशासन के नाम पर छात्रों के साथ क्रूरता का मामला सामने आया है। स्कूल में मोबाइल रखने की बात पर शिक्षकों ने कक्षा 10वीं से 12वीं तक के करीब 8 से 9 छात्रों की लाठी-डंडों, लात-घूंसों से जमकर पिटाई की। आरोप है कि एक पीटी शिक्षक ने छात्र के प्राइवेट पार्ट पर जूता पहनकर लात मारी, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गया है। पुलिस ने मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए दो शिक्षकों को गिरफ्तार कर लिया है और विभाग ने उन्हें निलंबित कर दिया है।
वाइस प्रिंसिपल के केबिन में हुई पिटाई
मिली जानकारी के अनुसार, घटना 21 फरवरी की है। छात्रों ने बताया कि शनिवार सुबह 10:30 से दोपहर 1:30 बजे के बीच उन्हें मोबाइल जमा करने के लिए प्रिंसिपल ऑफिस बुलाया गया। इसके बाद छात्रों को वाइस प्रिंसिपल के केबिन में ले जाकर लकड़ी के डंडे और लात-घूंसों से पीटा गया। मारपीट के दौरान शिक्षकों द्वारा गाली-गलौज भी की गई। छात्रों ने 22 फरवरी की रात अपने परिजनों को फोन कर इस घटनाक्रम की जानकारी दी।
प्राइवेट पार्ट पर मारी लात, छात्र को आई सूजन
परिजनों ने आरोप लगाया कि पीटी शिक्षक रविशंकर मंडलोई ने एक छात्र के प्राइवेट पार्ट पर लात मार दी, जिससे उसे तेज दर्द और सूजन की शिकायत है। इसके अलावा 10 अन्य छात्रों को भी बेरहमी से पीटा गया है। जब छात्र के पिता 23 फरवरी को स्कूल पहुंचे, तो प्रभारी प्रिंसिपल शंकर प्रसाद ने घटना की जानकारी होने से इनकार कर दिया।
पुलिस की कार्रवाई और शिक्षकों का निलंबन
पीड़ित छात्रों और परिजनों ने 24 फरवरी को पुलगांव थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई। पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए पोस्ट ग्रेजुएट टीचर पीयूष कुमार (41) और पीटी टीचर रविशंकर मंडलोई (54) को गिरफ्तार कर लिया है। विभाग ने भी कार्रवाई करते हुए दोनों शिक्षकों को सस्पेंड (निलंबित) कर दिया है।
प्रभारी प्रिंसिपल ने बताया कि वे घटना के समय मौके पर मौजूद नहीं थे, लेकिन मामले की विभागीय जांच की जा रही है और भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए कड़े कदम उठाए जाएंगे। फिलहाल पुलिस मामले की विस्तृत जांच कर रही है।








